मौसा-मौसी पढ़ाने के लिए लड़की को शहर लेकर आए, दूसरे धर्म के लड़के से करा दी शादी

गुड़गांव: हरियाणा विमिंस वेलफेयर एसोसिएशन और विश्व हिंदू परिषद ने मिलकर प्रेस कांफ्रेंस करके एक बार फिर से वीमन ट्रैफिकिंग और लव-जिहाद के मुद्दे को देश के सामने उठाने का काम किया है। प्रेस कांफ्रेंस में लखीसराय से आए एक माता-पिता ने अपने ही रिश्तेदारों पर वीमन ट्रैफिकिंग और लव-जिहाद का आरोप लगाया। उनका आरोप है कि 2 साल पहले उनकी बड़ी बेटी को उसके मौसा-मौसी अच्छी एजुकेशन और जॉब शिक्षा दिलाने के नाम पर अपने साथ गुड़गांव लेकर गये थे। अभी कुछ दिनों पहले ही मालुम हुआ है कि उनकी बेटी की शादी एक दूसरे धर्म के लड़के से करा दी गई है। उसका एक बच्चा भी है। पूरी बात जानने के बाद से परिवार वालों को होश ही उड़ गये।उनका आरोप है कि पुलिस में शिकायत दर्ज कराने के बाद भी पुलिस ने कोई सहयोग नहीं मिला। वे किसी भी तरह से अपनी बेटी को वापस घर लाना चाहते हैं। उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया है।

लड़की के माता-पिता ने इस घटना के बारें में विस्तारपूर्वक बातें की। उन्होंने ये भी बताया कि जब उन्हें बेटी की किसी दूसरे धर्म के लड़के से शादी होने के बारे में जानकारी हुई तो वो उसे तलाशते हुए गुड़गांव पहुंचे। वहां से फिर 9 अक्टूबर को बजहेड़ा थाने में गये।उनका आरोप है कि पुलिसवालों की तरफ से कोई सहयोग नहीं मिला। उन्हें थाने में थप्पड़ मारकर बाहर बिठा गया। बाद में किसी तरह से लड़की को उसकी मां से मिलवाने के लिए पुलिस थाने बुलाया गया, लेकिन उनका आरोप है कि बेटी के साथ बैठाकर उन्हें बात भी नहीं करने दिया गया। लड़की के माता-पिता ने हरियाणा विमिंस वेलफेयर एसोसिएशन के माध्यम से मांग की है कि 3 दिन के अंदर उन्हें अपनी लड़की से एक सुरक्षित स्थान पर मिलवाया जाए। लड़की की शादी से जुड़े सभी प्रकार के कागजात फोटो, संस्था, लड़की के माता-पिता व पुलिस कमिश्नर के सामने पेश किए जाएं। साथ ही लड़की की मानसिक व शारीरिक जांच कराई जाये।