सोते सोते हो गई भिखारी की मौत, झोली देखी तो निकला लखपति

नई दिल्ली: कमल हासन की मूक फिल्म पुष्पक विमान सरीखा दृश्य आंध्र प्रदेश के अनंतपुर जिले के गुंटकल में मस्तान वली दरगाह पर देखने को मिला। एक 75 साल का भिखारी नींद में ही मर गया। जब उसके सामान की पुलिस ने छानबीन की तो वह लखपति निकला। पुलिस ने भिखारी की पहचान बाशा के रूप में की और वह 12 साल से दरगाह के पास भिख मांगने का काम रहा था। बताया जा रहा है किए भिखारी के पास से तीन लाख रुपए से अधिक की रकम मिली। 

पुलिस ने बताया कि उन्हें एक शख्स ने फोन करके बताया कि एक बुजुर्ग भिखारी की दरगाह परिसर के बाहर मौत हो गई। जब पुलिस ने उसकी पहचान जाने के लिए सामान की तलाशी ली तो वह आश्चर्यचकित रह गए। पुलिस को मृत भिखारी के सामान में 3,22,676 रुपये निकले हैं। सर्किल इंस्पेक्टर अनिल कुमार और सब.इंस्पेक्टर रामकृष्ण रेड्डी ने कहा कि उन्होंने पहले पहचान पत्र के लिए उसके कपड़े और झोली को चेक किया। 

पुलिसकर्मियों को मृत भिखारी के बैग में पहचान पत्र तो नहीं मिला लेकिन सालों से जमा किए पैसे उन्हें मिले। बाद में बैग के पैसों की गिनती की गई तो उसने भीख से 3,22,676 रुपये जमा किए थे। स्थानीय लोग कहते हैं कि बाशा दुकानदारों के लिए चिल्लर एजेंट था। उसके पास 500 के नोट के लिए भी चिल्लर होता था। बाशा ने अपनी जिंदगी भर की कमाई ना तो कही इंवेस्ट की और ही खर्च किए।  पुलिस ने मृत भिखारी का शव कस्बे की मोर्चरी में भिजवा दिया है। भिखारी के पास से लाखों रुपए मिलने के बाद लोगों के बीच इसकी चर्चा हो रही है। लोगों का शायद पता भी नहीं होगा वे जिस भिखारी समझते थे वह लखपति था।